Wednesday , June 29 2022

‘वोदका डायरीज’ मूवी रिव्यू: वोदका के दो पैग लगाकर ही देखें ‘वोदका डायरीज’

डायरेक्टर- कुशल श्रीवास्तव
स्टार कास्ट- के के मेनन, मंदिर बेदी, राइमा सेन
जॉनर- थ्रिलर
रेटिंग- 5/ 2

अगर आप किसी फिल्म के दमदार ट्रेलर को देख कर उसे सिनेमाहाल में देखने जाते हैं या फिर किसी बड़े स्टार के लिए उस फिल्म को देखने जाते हैं तो ऐसे कई मौके आएंगे जब आपको निराश होना पड़े. अगर फिल्म की कहानी अच्छी न हो तो बड़े से बड़ा एक्टर उसे हिट नहीं करवा सकता. फिल्म ‘वोदका डायरीज’ से निर्देशन के क्षेत्र में कदम रखने वाले कुशल श्रीवास्तव की ये फिल्म भी ऐसी ही है.

कहानी- फिल्म की कहानी की शुरुआत एसीपी अश्विनी दीक्षित (केके मेनन) से होती है. जो मनाली के एक होटल ‘वोदका डायरीज’ में एक के बाद हो रहे मर्डर मिस्ट्री की जांच करता है. लेकिन केस को सुलझाते-सुलझाते एक दिन अचानक उनकी पत्नी शिखा (मंदिरा बेदी) गायब हो जाती है. इस बीच अश्विनी को एक अनजान औरत (राइमा सेन) का कॉल आता है जो लगातार हो रहे मर्डर और गायब हो चुकी उसकी पत्नी शिखा के बारे में सब कुछ जानती है और उसे सबके बारे में एक के बाद एक करके क्लू के जरिए बताती है. लेकिन क्या अश्विनी इस मर्डर मिस्ट्री की गुत्थी सुलझा पाएगा? और क्या वह अपनी गायब हो चुकी पत्नी को ढूंढ पाएगा? कौन है जो ये सब गेम अश्विनी के साथ खेल रहा है? इन सबका पता लगाने के लिए आपको पूरी फिल्म देखनी होगी?

डायरेक्शन- ‘वोदका डायरीज’ के जरिए कुशल श्रीवास्तव फिल्म निर्देशन के क्षेत्र में उतर रहे हैं. फिल्म का डायरेक्शन ठीक है लेकिन फिल्म की पूरी कहानी बिखरी हुई सी लगती है. फिल्म में तालमेल और स्थिरता का अभाव है. फर्स्ट हॉफ के आगे तक आपको फिल्म समझ नहीं आएगी. लेकिन अंत में दर्शकों पर थोड़ी दया करते हुए फिल्म की कहानी को समझाने की कोशिश की गयी है.

एक्टिंग- पूरी फिल्म में के के मेनन की एक्टिंग बेहद दमदार है लेकिन कमजोर कहानी के आगे वो भी कुछ नहीं कर सके. वैसे इस फिल्म के जरिए काफी समय बाद राइमा सेन की एंट्री हुई है.

म्यूजिक- फिल्म का म्यूजिक भी खास नहीं है.

देखें या नहीं– यदि आप के के मेनन के फैन हैं तो ही ये फिल्म देखने जाए.

देखें वीडियो:- 

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