राज्य सरकार यात्रा के पात्र नागरिकों के लिए यात्रा, ठहरने और खाने का बंदोबस्त करेगी. हर तीर्थयात्री पर लगभग सात हजार रुपये खर्च आएगा. वरिष्ठ नागरिक अपने साथ 18 साल से अधिक आयु का कोई परिचारक रख सकेंगे. इसका खर्च भी सरकार वहन करेगी. उप मुख्यमंत्री ने कहा कि हर यात्रा की अवधि तीन दिन और दो रातों की होगी और हर साल हर विधानसभा क्षेत्र से यात्रा के लिए ग्यारह सौ बुजुर्ग चुने जाएंगे.

आवेदन पत्र संभागीय आयुक्त कार्यालय, संबंधित विधायक या तीर्थयात्रा समिति के जरिए आनलाइन भरे जा सकेंगे और तीर्थ यात्रियों का चयन ड्रॉ निकालकर किया जाएगा. सिसोदिया ने उस तिथि का खुलासा नहीं किया, जब से यह यात्रा शुरू होगी, लेकिन यह जरूर कहा कि योजना जल्द ही लागू होगी.